बैंक अधिकारी बनकर ठगी करने वाले साइबर जालसाजों पर पुलिस की त्वरित कार्रवाई, ₹98 हजार से अधिक राशि पीड़ित को कराई वापस
क्रेडिट कार्ड लिमिट बढ़ाने के नाम पर ओटीपी लेकर की गई थी ठगी, साइबर सेल खरगोन ने NCRP पोर्टल के माध्यम से राशि होल्ड कर लौटाई
खरगोन / पुलिस दर्पण
जिला खरगोन के थाना बड़वाह क्षेत्र में रहने वाले एक व्यक्ति से बैंक अधिकारी बनकर साइबर ठगी करने वाले जालसाजों के खिलाफ पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ₹98,325 की पूरी राशि वापस कराई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार 19 जून 2026 को शिकायतकर्ता के पास एक अज्ञात मोबाइल नंबर से फोन आया। कॉल करने वाले व्यक्ति ने स्वयं को बैंक अधिकारी बताते हुए ऑनलाइन क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने का झांसा दिया और ओटीपी साझा करने को कहा। शिकायतकर्ता ने विश्वास कर ओटीपी बता दिया, जिसके बाद उसके क्रेडिट कार्ड से ₹98,325 की राशि निकाल ली गई।
ठगी का एहसास होते ही पीड़ित ने थाना बड़वाह पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना बड़वाह की साइबर हेल्प डेस्क ने तत्काल खरगोन साइबर सेल से संपर्क किया। पुलिस अधीक्षक श्री रविन्द्र वर्मा के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्रीमती शकुंतला रुहल के मार्गदर्शन में साइबर सेल टीम ने त्वरित कार्रवाई प्रारंभ की।
शिकायत को तत्काल एनसीआरपी (NCRP) पोर्टल पर दर्ज कर संबंधित नोडल अधिकारियों से समन्वय स्थापित किया गया। समय रहते कार्रवाई करते हुए ₹98,325 की राशि होल्ड कर पीड़ित के खाते में वापस कराई गई।
खरगोन पुलिस की नागरिकों से अपील
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी अनजान व्यक्ति को फोन पर बैंक खाते, एटीएम कार्ड, क्रेडिट कार्ड या ओटीपी संबंधी जानकारी साझा न करें। किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से बचें तथा कैशबैक, रिफंड या अन्य आकर्षक ऑफरों के झांसे में न आएं। सोशल मीडिया पर प्राप्त होने वाली .apk फाइलें डाउनलोड न करें और किसी भी अनजान मोबाइल एप्लीकेशन को अनावश्यक अनुमति न दें।
साइबर धोखाधड़ी की स्थिति में तत्काल गृह मंत्रालय की हेल्पलाइन नंबर 1930, एनसीआरपी पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं अथवा नजदीकी पुलिस थाने से संपर्क करें। उक्त कार्रवाई में साइबर सेल प्रभारी उप निरीक्षक दीपक तलवारे, आरक्षक अभिलाष, सोनू, मगन, सचिन तथा थाना बड़वाह के साइबर हेल्प डेस्क कर्मी प्रधान आरक्षक सेराज खान एवं आरक्षक रवि यादव का विशेष योगदान रहा।

