चेहरों पर लौटी मुस्कान: माणकचौक पुलिस ने ढूंढ निकाले ₹1.5 लाख के 11 गुमशुदा मोबाइल

चेहरों पर लौटी मुस्कान: माणकचौक पुलिस ने ढूंढ निकाले ₹1.5 लाख के 11 गुमशुदा मोबाइल, फरियादियों को बुलाकर सौंपे
रतलाम।

अगर आपका मोबाइल कहीं गुम हो जाए, तो उसके वापस मिलने की उम्मीद न के बराबर होती है। लेकिन रतलाम की माणकचौक थाना पुलिस ने तकनीकी सूझबूझ का इस्तेमाल कर एक-दो नहीं, बल्कि कुल 11 एंड्रायड मोबाइल ढूंढ निकालने में सफलता हासिल की है। पुलिस ने इन सभी कीमती मोबाइलों को उनके असली मालिकों (फरियादियों) को बुलाकर उनके सुपुर्द कर दिया। अपने खोए हुए मोबाइल वापस पाकर मोबाइल धारकों के चेहरे खुशी से खिल उठे और उन्होंने पुलिस का आभार जताया।
CEIR पोर्टल बना मददगार, पुलिस ने की ट्रैकिंग
पुलिस के अनुसार, आमजन के गुम हुए मोबाइलों को ढूंढकर उन्हें वापस लौटाने के लिए एसपी अमित कुमार (IPS) द्वारा लगातार विशेष निर्देश दिए जा रहे हैं। इसी कड़ी में एएसपी विवेक कुमार और सीएसपी सत्येंद्र घनघोरिया के मार्गदर्शन में माणकचौक थाना प्रभारी निरीक्षक विक्रमसिंह चौहान के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया था। पुलिस टीम ने भारत सरकार के सी.ई.आई.आर. (CEIR) पोर्टल की मदद से तकनीकी रूप से इन मोबाइलों को ट्रैक किया और विभिन्न स्थानों से इन्हें रिकवर किया।
डेढ़ लाख रुपये है बरामद मोबाइलों की कीमत
पुलिस ने जिन 11 एंड्रायड मोबाइलों को खोजा है, उनकी कुल अनुमानित कीमत करीब ₹1,50,000/- (डेढ़ लाख रुपये) आंकी गई है। पुलिस थाने में जब फरियादियों को उनका मोबाइल वापस सौंपा गया, तो कई लोग भावुक हो गए, क्योंकि मोबाइल में उनका जरूरी डेटा और यादें सुरक्षित थीं।
इन मोबाइल धारकों की लौटी खुशियाँ:
पुलिस ने जिन नागरिकों के मोबाइल ढूंढकर उन्हें वापस सौंपे हैं, उनके नाम इस प्रकार हैं:
मुकेश प्रजापत, 2. कादिर खान, 3. श्रेणिकलाल माण्डोत, 4. रियाज अहमद, 5. मोहनलाल वसुनिया, 6. मो. उस्मान, 7. राजेश पोरवाल, 8. राखी जैन, 9. रमेशचन्द्र पालीवाल, 10. भेरुसिंह देवड़ा, 11. सुनील कुमार देवड़ा।
इन जांबाजों की रही सराहनीय भूमिका
इस जन-हितैषी और सफल कार्रवाई में माणकचौक थाना प्रभारी निरीक्षक विक्रमसिंह चौहान, सहायक उपनिरीक्षक (सउनि) आशीष मांगरिया, सायबर कार्य संभाल रहे आरक्षक अविनाश राठौर, आरक्षक विरेन्द्र बारोड़, आरक्षक चन्दरसिंह मार्को के साथ-साथ महिला आरक्षक मेघा राणा, वर्षा पाटीदार, वर्षा कैथवास, भारती और प्रवीणा की विशेष और सराहनीय भूमिका रही।

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