स्कूल-कॉलेजों के आसपास नशे की बिक्री पर सख्ती, हॉट स्पॉट क्षेत्रों में चलेंगे विशेष जागरूकता अभियान
नीमच | पुलिस दर्पण
नीमच । मध्यप्रदेश शासन के निर्देशानुसार जिले में मादक पदार्थों की तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण एवं विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के उद्देश्य से सोमवार को कलेक्टर सभाकक्ष, नीमच में जिला स्तरीय नारकोटिक्स समन्वय समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अमन वैष्णव ने की।
बैठक में नशे के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई और नशामुक्ति अभियान को और अधिक मजबूत बनाने के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई। निर्णय लिया गया कि जिले में अफीम, गांजा एवं भांग की अवैध खेती पर सघन निगरानी रखी जाएगी तथा अंतर्राज्यीय मादक पदार्थ प्रकरणों की नियमित समीक्षा की जाएगी।
समिति ने स्कूलों एवं कॉलेजों में युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से जागरूक करने के लिए विशेष अभियान चलाने का निर्णय लिया। साथ ही शिक्षण संस्थानों के 100 मीटर के दायरे में नशे से संबंधित किसी भी सामग्री की बिक्री पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में यह भी तय किया गया कि नशा प्रभावित हॉट स्पॉट क्षेत्रों का चिन्हांकन कर वहां विशेष जागरूकता शिविर लगाए जाएंगे। नशे के आदी व्यक्तियों की पहचान कर उन्हें उपचार एवं पुनर्वास से जोड़ने, नशामुक्ति केंद्रों की नियमित मॉनिटरिंग तथा मादक फसलों की अवैध खेती प्रभावित क्षेत्रों में वैकल्पिक विकास कार्यक्रम संचालित करने पर भी जोर दिया गया।
अधिकारियों ने बेहतर सर्विलांस तंत्र विकसित करने, संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित निगरानी बढ़ाने तथा अवैध मादक पदार्थों के कारोबार के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई के लिए सभी संबंधित विभागों को समन्वित रूप से कार्य करने के निर्देश दिए।
बैठक में अपर कलेक्टर बी.एस. कलेश, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमलता अग्रवाल, डिप्टी कलेक्टर श्रुति भादौरिया, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. डी. प्रसाद, मनोवैज्ञानिक एवं नशा मुक्ति केंद्र से जीवन तिवारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

