भीमनगर बोड़खी में घर पर बैठक और प्रार्थना सभा की सूचना पर पुलिस की कार्रवाई, धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम के तहत मामला दर्ज
देवीनाथ लोखंडे सह संपादक दक्षिण मध्यप्रदेश
आमला। भीमनगर बोड़खी क्षेत्र में धर्मांतरण संबंधी गतिविधि के आरोप में आमला पुलिस ने पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, 15 सितंबर को सूचना मिली थी कि गणपत सोनवाने के घर पर बैठक एवं प्रार्थना सभा आयोजित कर धर्मांतरण संबंधी गतिविधियां की जा रही हैं। सूचना के सत्यापन के बाद पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की।
पुलिस के मुताबिक, मौके पर गणपत सोनवाने सहित पांच लोग मौजूद मिले। घर की तलाशी और पूछताछ के दौरान धार्मिक साहित्य, पुस्तिकाएं, पैम्फलेट, सहमति पत्र तथा विभिन्न संस्थाओं को लिखे गए पत्र सहित अन्य दस्तावेज मिलने की बात पुलिस ने कही है। पुलिस का कहना है कि पूछताछ में आरोपियों ने धर्मांतरण संबंधी गतिविधियों में संलिप्तता स्वीकार की।
मामले में थाना आमला में अपराध क्रमांक 371/26 दर्ज किया गया है। पुलिस ने मध्यप्रदेश धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम की धारा 3, 5 तथा बीएनएस की धारा 351(2), 3(5) के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की है। कार्रवाई के दौरान धार्मिक साहित्य एवं दस्तावेज तथा अन्य आरोपियों के मोबाइल फोन जब्त किए गए।
ये पांच आरोपी गिरफ्तार
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों में गणपत पिता शोभना सोनवाने (43), निवासी भीमनगर बोड़खी, आमला; इनोस उर्फ एनोस पिता हारून जोनाथन (34), निवासी बरघाट, सिवनी; रमेश पिता मधुकर अतुलकर (40), निवासी दुर्गा वार्ड क्रमांक 3, हमलापुर, बैतूल; भावराव पिता कलीराम चंदेलकर (34), निवासी जुनापानी, थाना साईंखेड़ा; तथा सुनील पिता कृष्णा नागले (50), निवासी सोमगढ़, थाना मुलताई शामिल हैं।
पुलिस ने बताया कि सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया गया है। मामले की विवेचना जारी है।
पुलिस की अपील—कानून हाथ में न लें
पुलिस अधीक्षक वीरेन्द्र जैन ने जिलेवासियों से अपील की है कि सभी नागरिक अपने धार्मिक विश्वासों एवं आस्था का शांतिपूर्वक पालन करें और किसी अन्य व्यक्ति की धार्मिक स्वतंत्रता में हस्तक्षेप न करें। उन्होंने कहा कि प्रलोभन, दबाव, भय या अनुचित प्रभाव के माध्यम से धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित करने संबंधी किसी गतिविधि की जानकारी मिलने पर लोग स्वयं कानून हाथ में न लें, बल्कि तत्काल पुलिस को सूचना दें।
पुलिस के अनुसार, प्राप्त शिकायतों और सूचनाओं की निष्पक्ष जांच के बाद कानून के अनुरूप कार्रवाई की जाएगी। जिले में शांति, सद्भाव और आपसी भाईचारा बनाए रखना सामूहिक जिम्मेदारी है।

