सागर। पुलिस दर्पण
सागर। संभागायुक्त श्री अनिल सुचारी ने छतरपुर के जिला कार्यक्रम अधिकारी (महिला एवं बाल विकास) श्री दिनेश कुमार दीक्षित को शासकीय सेवा में नियुक्ति के लिए कथित रूप से रिश्वत की मांग करने के मामले में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
संभागायुक्त कार्यालय से जारी आदेश के अनुसार, कलेक्टर छतरपुर द्वारा भेजे गए प्रस्ताव में बताया गया कि आंगनवाड़ी में नौकरी दिलाने के नाम पर 2 लाख रुपये की रिश्वत से जुड़ी बातचीत का एक वीडियो स्थानीय समाचार पत्रों और सोशल मीडिया पर प्रसारित हुआ है। उपलब्ध वीडियो के आधार पर प्रथम दृष्टया यह प्रतीत हुआ कि जिला कार्यक्रम अधिकारी द्वारा पैसों के लेन-देन संबंधी बातचीत की गई।
प्रकरण के प्रारंभिक परीक्षण के बाद संभागायुक्त ने माना कि श्री दीक्षित प्रथम दृष्टया दोषी प्रतीत होते हैं। उनका यह कृत्य मध्य प्रदेश सिविल सेवा आचरण नियम, 1965 का उल्लंघन माना गया है। इसी आधार पर मध्य प्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम, 1966 के नियम 9 के तहत प्रदत्त अधिकारों का उपयोग करते हुए उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया।
निलंबन अवधि के दौरान श्री दीक्षित का मुख्यालय कार्यालय संयुक्त संचालक, महिला एवं बाल विकास विभाग, सागर संभाग (सागर) निर्धारित किया गया है। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा।

