नामली पुलिस की बड़ी कार्रवाई: चोरी की बाइक से करते थे ट्रकों की रेकी, स्पीड ब्रेकर और घाट में धीमे होते वाहनों को बनाते थे निशाना; 7 आरोपी फरार
नामली/रतलाम । पुलिस दर्पण
नामली/रतलाम । महू–नीमच फोरलेन हाईवे पर तिरपाल काटकर ट्रकों से कृषि उपज चोरी करने वाले गिरोह के खिलाफ नामली पुलिस ने बड़ी कार्रवाई का दावा किया है। पुलिस के अनुसार गिरोह के सदस्य चोरी की मोटरसाइकिलों से हाईवे पर ट्रकों की रेकी करते थे और जैसे ही तिरपाल से ढका कोई ट्रक स्पीड ब्रेकर, घाट या किसी अन्य स्थान पर धीमा होता, गिरोह का एक सदस्य रस्सी के सहारे चलते ट्रक पर चढ़कर तिरपाल काट देता था। इसके बाद ट्रक से नीचे गिराई गई कृषि उपज को गिरोह के अन्य सदस्य उठाकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाते थे। पुलिस ने कार्रवाई के दौरान चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि सात आरोपी फरार बताए गए हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे और निशानदेही से 14 बोरी लहसुन, 13 बोरी सरसों, चार बिना नंबर की मोटरसाइकिलें, 30 लीटर अवैध कच्ची हाथभट्टी शराब तथा देशी कट्टानुमा पिस्टल और दो जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार जब्त मश्रुके की कुल कीमत करीब 8.59 लाख रुपए है।
एसपी के निर्देश पर बनाई गई विशेष टीम
पुलिस के अनुसार रतलाम एसपी अमित कुमार के निर्देशन में हाईवे पर ट्रकों से होने वाली चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए विशेष टीम गठित की गई थी। एएसपी राकेश पांड्रो, एसडीओपी अजय सरावन के मार्गदर्शन में नामली थाना प्रभारी अमित कोरी के नेतृत्व में टीम ने संदिग्धों की गतिविधियों पर नजर रखी। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी सहायता और संदिग्ध गतिविधियों से मिले सुरागों को जोड़ते हुए आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया।
खेत के पीछे घेराबंदी कर पकड़े आरोपी
पुलिस के मुताबिक 16 सितंबर 2026 को मुखबिर से सूचना मिली कि कुछ संदिग्ध धर्मेंद्र बापू के खेत के पीछे एक मकान के पास मौजूद हैं। सूचना पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की। पुलिस के अनुसार मौके से अमन कजंर, राहुल कंजर और निखिल कजंर को पकड़ा गया, जबकि कुछ संदिग्ध अंधेरे का फायदा उठाकर भाग निकले। कार्रवाई के दौरान मोटरसाइकिलों और अवैध शराब को भी जब्त किया गया। पुलिस ने आगे की तलाशी और पूछताछ के आधार पर अमन सिसोदिया के पास से 32 बोर का देशी कट्टानुमा हथियार तथा दो जिंदा कारतूस बरामद करने की बात कही है। इस मामले में अपराध क्रमांक 406/2026 दर्ज कर आबकारी अधिनियम की धारा 49-ए तथा आयुध अधिनियम की धारा 25/27 के तहत कार्रवाई की गई है।
पूछताछ में सामने आया ट्रकों को निशाना बनाने का तरीका
पुलिस के अनुसार पूछताछ में आरोपियों ने करीब 20–25 दिन पहले एक ट्रक का तिरपाल काटकर उसमें से 14 बोरी लहसुन चोरी करने तथा करीब चार दिन पहले दूसरे ट्रक का तिरपाल काटकर 13 बोरी सरसों चोरी करने की जानकारी दी। पुलिस ने दोनों मामलों में चोरी की कृषि उपज आरोपियों की निशानदेही पर बरामद करने का दावा किया है।
ऐसे चलता था पूरा खेल
पुलिस के मुताबिक गिरोह के सदस्य तीन मोटरसाइकिलों पर हाईवे की रेकी करते थे। तिरपाल से ढके ऐसे ट्रकों की तलाश की जाती थी जिनमें कृषि उपज या अन्य सामान भरा हो। ट्रक के स्पीड ब्रेकर अथवा घाट में धीमा होते ही गिरोह का एक सदस्य रस्सी के सहारे ट्रक पर चढ़ जाता था। इसके बाद तिरपाल काटकर उसमें से लहसुन, सरसों अथवा अन्य कृषि उपज नीचे सड़क किनारे गिरा दी जाती थी। पीछे चल रहे गिरोह के अन्य सदस्य उस माल को उठाकर सुरक्षित स्थान पर ले जाते थे। पुलिस का कहना है कि हाईवे से करीब 500 मीटर दूर स्थित खेत के मकान में चोरी का माल छिपाया जाता था।
₹8.59 लाख का मश्रुका जब्त
पुलिस के अनुसार कार्रवाई में बरामद सामग्री का अनुमानित मूल्य इस प्रकार है—
- 14 बोरी लहसुन — ₹1.05 लाख
- 13 बोरी सरसों — ₹4.30 लाख
- चार मोटरसाइकिल — ₹2.80 लाख
- देशी कट्टा व दो कारतूस — ₹40 हजार
- 30 लीटर अवैध शराब — ₹4 हजार
कुल अनुमानित मश्रुका — ₹8.59 लाख।
चार गिरफ्तार, सात की तलाश जारी
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के रूप में अमन पिता दीपु सिसोदिया, राहुल पिता गोरिया हाड़ा, निखिल पिता बाबूलाल हाड़ा और सोनू पिता राजेंद्र सिसोदिया के नाम बताए हैं। वहीं पुलिस के अनुसार अनिश हाड़ा, चिंटू हाड़ा, अमित हाड़ा, अभिषेक सिसोदिया, आशीष चौहान, राजकुमार रणावत और धर्मेंद्र सिंह सिसोदिया फरार हैं। इनकी तलाश की जा रही है।
अब पुलिस के सामने कई अहम सवाल
गिरोह के पकड़े जाने के बाद पुलिस की जांच में यह पता लगाना महत्वपूर्ण होगा कि आरोपियों ने हाईवे पर कितने ट्रकों को निशाना बनाया, चोरी का माल कहां-कहां खपाया, इस नेटवर्क में और कौन लोग शामिल हैं तथा चोरी की मोटरसाइकिलों का स्रोत क्या है। पुलिस के अनुसार मामले की जांच जारी है और फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद गिरोह से जुड़ी अन्य घटनाओं और नेटवर्क के संबंध में और जानकारी सामने आने की संभावना है।
कार्रवाई में इनकी रही भूमिका
कार्रवाई में नामली थाना प्रभारी अमित कोरी सहित पुलिस टीम के अधिकारी एवं जवान शामिल रहे। पुलिस टीम ने सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी सहायता और स्थानीय सूचना तंत्र के आधार पर कार्रवाई को आगे बढ़ाया।

