तेज आवाज को लेकर उठी आपत्तियों पर मंदिर समिति ने लिया निर्णय, श्रद्धा और धार्मिक गरिमा को दी प्राथमिकता
नामली/रतलाम। पुलिस दर्पण
नामली/रतलाम। श्री हरदेश्वर महादेव मंदिर की शाही सवारी में तेज आवाज वाले डीजे को लेकर सामने आई नगरवासियों की आपत्तियों का असर अब मंदिर समिति के आगामी आयोजनों में दिखाई देगा। श्री हरदेश्वर महादेव मंदिर समिति ने आगामी धार्मिक आयोजनों एवं त्योहारों में डीजे पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया है।
हाल ही में निकली भव्य शाही सवारी में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने हिस्सा लिया था। सवारी में कालका भवानी, राधा-कृष्ण, हनुमान, गोरिल्ला और कटप्पा सहित करीब 35 आकर्षक झांकियां शामिल थीं। इनके साथ छह डीजे भी चल रहे थे। धार्मिक उत्साह और श्रद्धा के बीच नगर के विभिन्न मार्गों से निकली शाही सवारी आकर्षण का केंद्र रही। इस दौरान तेज ध्वनि में बज रहे डीजे को लेकर कुछ नगरवासियों ने समिति के सदस्यों के समक्ष अपनी नाराजगी और आपत्ति दर्ज कराई।
नागरिकों का कहना था कि धार्मिक आयोजनों की पहचान भक्ति, श्रद्धा और शांतिपूर्ण वातावरण से होनी चाहिए तथा तेज ध्वनि वाले डीजे से आयोजन की गरिमा प्रभावित होती है। नगरवासियों की बात को समिति ने नजरअंदाज करने के बजाय गंभीरता से लिया। समिति सदस्यों ने इस विषय पर विचार-विमर्श किया और आगामी आयोजनों में डीजे को पूरी तरह प्रतिबंधित करने का निर्णय लिया। समिति के संचालक दिलीप सिंह सोलंकी ने बताया कि समिति का उद्देश्य धार्मिक आयोजनों को श्रद्धा, भक्ति और अनुशासन के साथ संपन्न कराना है।
नगरवासियों की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए आगामी सभी धार्मिक आयोजनों एवं त्योहारों में डीजे नहीं बजाने का निर्णय लिया गया है। शाही सवारी के बाद लिया गया यह फैसला अब नामली के धार्मिक आयोजनों के स्वरूप में बदलाव का संकेत माना जा रहा है—जहां तेज ध्वनि की जगह भक्ति और आस्था को प्राथमिकता देने का प्रयास किया जाएगा।

