जिला सहकारी विकास समिति की बैठक में दिए निर्देश, दुग्ध संघ के उत्पादों की ब्रांडिंग और नई समितियों के गठन पर रहेगा विशेष फोकस
रतलाम | पुलिस दर्पण
रतलाम । कलेक्टर श्रीमती मिशा सिंह की अध्यक्षता में आयोजित जिला सहकारी विकास समिति की बैठक में सहकारिता, दुग्ध संघ एवं विभिन्न विभागों की योजनाओं की समीक्षा की गई। बैठक में कलेक्टर ने अधिकारियों को समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश देते हुए कहा कि जिले की सभी शेष पैक्स (प्राथमिक कृषि साख सहकारी) समितियों का रिवीजन 31 जुलाई तक हर हाल में पूरा किया जाए।
उन्होंने स्पष्ट किया कि अगले 10 दिनों में यह कार्य पूरी गुणवत्ता और गंभीरता के साथ पूर्ण होना चाहिए।
दुग्ध सहकारिता को मिलेगा विस्तार
बैठक में सैलाना एवं बाजना विकासखंड में दुग्ध सहकारी समितियों के पंजीयन की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने निर्देश दिए कि जहां समितियों का गठन लंबित है, वहां प्राथमिकता के आधार पर नई समितियों का गठन एवं पंजीयन कराया जाए, ताकि अधिक से अधिक किसानों को सहकारिता से जोड़ा जा सके।
ब्रांडिंग और बाजार विस्तार पर जोर
कलेक्टर श्रीमती मिशा सिंह ने दुग्ध संघ को उत्पाद निर्माण, गुणवत्ता, ब्रांडिंग और विपणन पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि दुग्ध संघ के उत्पादों की मांग बढ़ाने के लिए व्यवहारिक कार्ययोजना तैयार की जाए तथा किसानों को दुग्ध व्यवसाय से जोड़कर उनकी आय में वृद्धि सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने नस्ल सुधार कार्यक्रमों में तेजी लाने, ग्राम स्तर पर नई दुग्ध समितियों का गठन, सक्रिय सदस्यों की संख्या बढ़ाने और मिल्क रूट के विस्तार के निर्देश भी दिए।
ई-सेवा, जन औषधि और ऑडिट कार्य समय पर पूरे हों
बैठक में कलेक्टर ने पैक्स, दुग्ध संघ एवं भारत सरकार की विभिन्न सहकारी संस्थाओं के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर बल दिया। साथ ही ई-सेवा सुविधाओं के विस्तार, जन औषधि केंद्रों पर आवश्यक दवाओं की उपलब्धता, पशु आहार की पर्याप्त व्यवस्था तथा सभी ऑडिट कार्यों को शत-प्रतिशत समय पर पूर्ण करने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने कहा कि सहकारिता क्षेत्र को मजबूत बनाकर किसानों की आर्थिक स्थिति सुदृढ़ करना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है।
31 जुलाई तक सभी पैक्स समितियों का रिवीजन पूरा करें: कलेक्टर मिशा सिंह

