सारणी पुलिस की त्वरित कार्रवाई, नाबालिग छात्राओं से अश्लील हरकत के मामले में आरोपी शिक्षक न्यायालय में पेश
देवीनाथ लोखंडे सह संपादक पुलिस दर्पण दक्षिण मध्यप्रदेश
सारणी। शासकीय कन्या शाला सारणी में नाबालिग छात्राओं के साथ कथित अश्लील हरकत एवं छेड़छाड़ के मामले में पुलिस ने आरोपी शिक्षक को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार आरोपी शिक्षक सुनील चौधरी के खिलाफ मामला दर्ज होने के बाद उसकी गिरफ्तारी पर पुलिस अधीक्षक बैतूल द्वारा 5 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया है।
पुलिस के मुताबिक 20 अगस्त 2026 को थाना सारणी क्षेत्र में सूचना मिली थी कि शासकीय कन्या शाला में पदस्थ शिक्षक सुनील चौधरी द्वारा स्कूल समय के दौरान नाबालिग छात्राओं के साथ कथित रूप से बुरी नीयत से अश्लील हरकत एवं छेड़छाड़ की जा रही है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए सारणी पुलिस ने आरोपी शिक्षक के खिलाफ धारा 74 बीएनएस तथा धारा 7/8, 9/10 पॉक्सो एक्ट के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की।
गिरफ्तारी के लिए घोषित किया था 5 हजार का इनाम
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक बैतूल वीरेन्द्र जैन ने आरोपी की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए और आरोपी की गिरफ्तारी पर 5 हजार रुपये का इनाम घोषित किया। इसके बाद अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमलेश कुमार खरपुसे एवं एसडीओपी सारणी प्रियंका करचाम के मार्गदर्शन में थाना सारणी पुलिस टीम ने आरोपी के संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश देकर तलाश शुरू की।
लगातार प्रयासों के बाद पुलिस ने सुनील पिता प्रभाकर चौधरी, उम्र 56 वर्ष, निवासी वार्ड क्रमांक 02, सुपर एफ, सारणी को 21 अगस्त को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया।
इन पुलिसकर्मियों की रही भूमिका
कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक जयपाल इनवाती, उप निरीक्षक प्रीति पालेवार तथा प्रधान आरक्षक श्रीराम उईके की सराहनीय भूमिका रही।
पुलिस अधीक्षक की अपील
पुलिस अधीक्षक वीरेन्द्र जैन ने आमजन से अपील की है कि महिलाओं एवं बालिकाओं के साथ किसी भी प्रकार की छेड़छाड़, अश्लील हरकत या दुर्व्यवहार की जानकारी तत्काल पुलिस को दें। उन्होंने अभिभावकों एवं विद्यालय प्रबंधन से भी बच्चों के साथ नियमित संवाद बनाए रखने तथा किसी भी संदिग्ध घटना की जानकारी तत्काल पुलिस को देने की अपील की है।
पुलिस का कहना है कि बालिकाओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और ऐसे मामलों में त्वरित एवं प्रभावी कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।

